ब्यूरो संवाददाता
इटावा: सोमवार सुबह से हुई बारिश से मौसम सुहाना हो गया। तापमान में भी गिरावट दर्ज की गई है। मौसम के बदले मिजाज से लोगों को गर्मी से राहत मिली है। आने वाले तीन दिनों तक बादल छाए रहने और बारिश की संभावना है। मई के शुरू होते ही मौसम का रुख बदला दिखाई दे रहा है। पहाड़ों में हो रही बर्फबारी और बारिश के चलते मैदानी इलाकों की हवाओं का रुख बदल गया है, जिससे तापमान में रोजाना गिरावट दर्ज की जा रही है और लोगों को गर्मी से राहत मिल रही है।
पिछले 10 दिनों से तेज धूप, तपन और लू के थपेड़ों से लोगों को राहत है, वरना अप्रैल के अंतिम सप्ताह से लेकर मई के प्रथम सप्ताह और आगे जमकर गर्मी और तेज धूप लोगों को बुरी तरह पसीना पसीना करती थी। मंगलवार सुबह से तो लोगों को और भी ज्यादा राहत मिली है। दिन भर धूप की आंख मिचोली चलती रही और बदली सी छाई रही। शाम आते आते बादल घिरे और हल्की-फुल्की बरसात भी हुई जिससे मौसमी टेंपरेचर 25- 26 डिग्री तक नीचे गिर गया। पश्चिमी विक्षोभ के कारण जिले का मौसम पूरी तरह बदला हुआ है। बादलों की आवाजाही शुरू है।
जिले के सीमावर्ती क्षेत्रों में दो दिनों के दौरान हल्की बारिश शुरू होने से मौसम हालांकि आम लोगों के लिए खुशनुमा हो गया है, मगर गेहूं उत्पादक किसानों के लिए मौसम दुखदाई साबित हुआ है, क्योंकि अभी किसानों का 30% तक गेहूं या तो कटने को है या उसकी मड़ाई होनी है और गेहूं के बोझ अभी भी खेतों में कटे पड़े हैं, अथवा खलिहानों में कटने और मढ़ने को पड़े हैं।
मौसम विज्ञानियों ने अगले 5 तारीख तक मौसम के इसी तरह रहने का आशंका व्यक्त की है। यह भी बताया है तेज आंधी भी आ सकती है। अप्रैल महीने में पारा 40° के पार पहुंचता है। गर्मी बर्दाश्त से बाहर होती है, इस बार अप्रैल में ऐसी स्थिति कम ही हुई है, अब तो जिले मे बारिश से पारा लुढ़क कर 28°से भी नीचे पहुंच गया है। वहीं मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार अभी पारा और भी गिरने की संभावना है। इस बारिश से सब्जी उत्पादक किसानों को थोड़ी राहत मिली है। बदले मौसम से सब्जी के खेतों में ज्यादा पानी नहीं लगाना पड़ेगा । हल्की हुई बारिश से आम की फसल को कोई नुकसान नहीं है। किंतु यदि आंधी, चमक गरज के साथे बरसात औरओलावृष्टि किसानों को काफी क्षति पहुंचा सकती है।

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